महेश्वर जायसवाल। बलौदाबाजार, 10 दिसम्बर 2025।छत्तीसगढ़ के प्रथम स्वतंत्रता संग्राम सेनानी शहीद वीर नारायण सिंह के बलिदान दिवस पर आज मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने उनकी जन्मभूमि एवं कर्मभूमि सोनाखान पहुंचकर श्रद्धांजलि अर्पित की। मुख्यमंत्री ने सोनाखान स्थित शहीद स्मारक पर पुष्पांजलि अर्पित की तथा शहीद वीर नारायण सिंह की आदमकद प्रतिमा पर माल्यार्पण कर उन्हें नमन किया।

इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने शहीद वीर नारायण सिंह संग्रहालय का भी अवलोकन किया और यहां संरक्षित ऐतिहासिक धरोहरों तथा पुरावशेषों की जानकारी ली। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों और ग्रामीणों की उपस्थिति रही।
श्रद्धांजलि समारोह में कैबिनेट मंत्री रामविचार नेताम, केदार कश्यप, टंक राम वर्मा, पूर्व विधानसभा अध्यक्ष गौरीशंकर अग्रवाल, पूर्व विधायक बिलाईगढ़ डॉ. सनम जांगड़े, सोनाखान के सरपंच गजानंद पटेल, शहीद वीर नारायण सिंह के वंशज राजेंद्र दीवान, कलेक्टर दीपक सोनी तथा पुलिस अधीक्षक भावना गुप्ता समेत कई जनप्रतिनिधि मौजूद रहे।
मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर कहा कि शहीद वीर नारायण सिंह छत्तीसगढ़ महतारी के सच्चे सपूत थे, जिन्होंने 1857 के प्रथम स्वतंत्रता संग्राम में अंग्रेजी हुकूमत के खिलाफ अदम्य साहस दिखाया। 10 दिसम्बर 1857 को रायपुर के जय स्तंभ चौक में उन्हें फांसी दी गई थी। वे छत्तीसगढ़ के पहले क्रांतिकारी शहीद होने का गौरव रखते हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार सोनाखान को पर्यटन केंद्र के रूप में विकसित करने के लिए दृढ़ संकल्पित है। इसी उद्देश्य से यहां चरणबद्ध तरीके से विकास कार्यों की स्वीकृति प्रदान की जा रही है। उन्होंने कहा कि आने वाले समय में सोनाखान को ऐतिहासिक, सांस्कृतिक और पर्यटन की दृष्टि से नई पहचान मिलेगी।
कार्यक्रम के दौरान उपस्थित लोगों ने एक स्वर में शहीद वीर नारायण सिंह के अदम्य साहस, बलिदान और देशप्रेम को याद करते हुए उन्हें नमन किया।



