महेश्वर जायसवाल।बलौदाबाजार, 20 अक्टूबर 2026:खरीफ विपणन वर्ष 2026-27 के तहत समर्थन मूल्य पर धान खरीदी की प्रक्रिया को पारदर्शी और सुगम बनाने के लिए राज्य शासन ने दिशा-निर्देश जारी कर दिए हैं। कलेक्टर कुलदीप शर्मा के मार्गदर्शन में बलौदाबाजार जिले में धान खरीदी की तैयारियां जोरों पर चल रही हैं। जिले में अब तक 168,939 किसान धान बेचने के लिए पंजीकृत हो चुके हैं, जबकि नए किसानों के पंजीयन और संशोधन के लिए 31 अक्टूबर 2026 की अंतिम तिथि निर्धारित की गई है।

सुरक्षा और भंडारण के पुख्ता इंतजाम
शासन के निर्देशों के अनुसार, धान उपार्जन केंद्रों का चयन करते समय यह सुनिश्चित किया जा रहा है कि संबंधित भूमि समतल और पर्याप्त रूप से ऊंची हो, ताकि अचानक बारिश होने की स्थिति में भी संग्रहित धान सुरक्षित रहे और उसे किसी प्रकार का नुकसान न पहुंचे। केंद्रों पर धान की सुरक्षा के लिए निम्नलिखित व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं:
- पर्याप्त मात्रा में पॉलिथीन कवर और डनेज सामग्री की उपलब्धता।
- सीमेंट ब्लॉक और फ्लाई ऐश ब्रिक्स का प्रबंध।
- नमी की सटीक जांच के लिए सभी खरीदी केंद्रों पर कार्यशील आर्द्रतामापी यंत्र (Moisture Meter), जिनका समय पर कैलिब्रेशन कराया जा रहा है।
- तौल में पारदर्शिता बनाए रखने के लिए विधिक मापविज्ञान विभाग द्वारा इलेक्ट्रॉनिक तौल यंत्रों का समय-समय पर सत्यापन।
तकनीकी उपकरणों की जांच और सुगमता
धान खरीदी केंद्रों पर सुचारू संचालन के लिए कम्प्यूटर, प्रिंटर, जनरेटर और यूपीएस जैसे तकनीकी उपकरणों का पूर्व परीक्षण अनिवार्य किया गया है। खराब उपकरणों को तत्काल सुधारने के निर्देश दिए गए हैं। सहकारी समिति के प्रबंधकों से यह प्रमाण-पत्र लिया जा रहा है कि सभी उपकरण चालू हालत में हैं और नए केंद्रों पर भी इनकी समय पर व्यवस्था कर ली गई है। इसके अलावा, व्यवस्थाओं के सुचारू संचालन हेतु नोडल अधिकारियों की नियुक्ति कर चेकलिस्ट के माध्यम से सत्यापन कराया जा रहा है।
पंजीयन प्रक्रिया और डेडलाइन
खरीफ विपणन वर्ष 2026-27 के लिए किसानों के पंजीयन और संशोधन प्रक्रिया से जुड़ी मुख्य बातें इस प्रकार हैं:
- पुराने किसानों के लिए: पिछले खरीफ विपणन वर्ष (2025-26) में पंजीकृत किसानों को आगामी वर्ष के लिए भी पंजीकृत माना जाएगा। उनकी दर्ज भूमि, धान के रकबे और खसरे को राजस्व विभाग के माध्यम से एग्रीस्टेक पंजीयन पोर्टल पर अद्यतन किया जा रहा है।
- नवीन किसानों के लिए: जो किसान नए रूप से धान बेचना चाहते हैं, वे ऑनलाइन सोसायटी मॉड्यूल के माध्यम से 31 अक्टूबर 2026 तक अपना नवीन पंजीयन या आवश्यक संशोधन करवा सकते हैं।
प्रशासन ने सभी संबंधित समितियों और किसानों से अपील की है कि वे समय सीमा के भीतर अपनी सभी तैयारियां और पंजीयन प्रक्रिया पूरी कर लें, ताकि खरीदी कार्य सुचारू रूप से संपन्न हो सके।



